Audio Viral दोस्ती से पहले बजरी का गिफ्ट: थानेदार ने महिला से दोस्ती के लिए तोड़े सुप्रीम कोर्ट के कायदे, सुनिए आडियो पुलिस किस हद तक गिर सकती है

थानेदार ने महिला से दोस्ती के लिए तोड़े सुप्रीम कोर्ट के कायदे, सुनिए आडियो पुलिस किस हद तक गिर सकती है

जालोर | जालोर जिले के एक थाना प्रभारी का आडियो पुलिस की गिरती साख को बयां कर रहा है। एसएचओ ने एक विवाहित महिला से दोस्ती करने के लिए उसके लिए गिफ्ट के तौर पर बजरी का ट्रेक्टर भिजवा दिया। जबकि उच्चतम न्यायालय के आदेशों के चलते बजरी के खनन पर रोक की जिम्मेदारी पुलिस ही की है। अब यह आडियो वायरल हो गया है और आप इसमें सुन सकते हैं कि थाना प्रभारी किस तरह से महिला को दोस्ती के लिए प्रपोज कर रहे हैं। जालोर में हालांकि पुलिस अधीक्षक ने बजरी खनन के खिलाफ अभियान चला रखा है, लेकिन उनके मातहतों के कारनामे उनके प्रयासों पर भी पानी फेर रहे हैं। 


गौरतलब है कि राजस्थान के जालोर जिले में अवैध रूप से बजरी खनन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की बात कहते हुए जालोर पुलिस भले अपनी पीठ थपथपा रही हो, लेकिन इस आडियो ने पुलिस की हकीकत बयां कर दी है। अब यह साफ हो गया है कि पुलिस अधिकारियों की मिलीभगत से ही पूरे जिले में बजरी का यह धंधा जोरों से चल रहा है। फर्स्टभारत ने जब इस अवैध धंधे की पोल खोली तो पुलिस का कहना है कि अभियान चलाकर कार्रवाई जारी है। परन्तु इस आडियो कॉल ने साबित कर दिया है कि पुलिस विभाग के अधिकारी ही बजरी माफियाओं से मिलीभगत कर यह कार्य करवा रहे हैं। 

खाकी की मिलीभगत से अपराधियों की चांदी: रात के अंधेरे में जालोर में करोड़ों का अवैध कारोबार
इस आडियो में थानाधिकारी एक महिला से बातचीत कर रहे हैं। पहले तो महिला के हालचाल पूछते हैं। फिर उनसे दोस्ती के लिए प्रपोज करते हैं। बातचीत का मामला यहां तक ही नहीं थमता थानाधिकारी उस महिला को अकेले होना बताकर पांच मिनट के लिए घर पर मिलने तक बुलाते हैं, इसके बाद जब महिला यह कहती है कि उसके घर पर निर्माण कार्य चल रहा है इसलिए वह नहीं आ सकी। तो थानाधिकारी उसे यह पूछते है कि बजरी आ गई क्या? इस पर महिला कहती है कि हां, बजरी तो आ गई पर दिन में क्यों भिजवाई? रात में ही भिजवाते। दिन में तो बजरी परिवहन करने वालों के खिलाफ ऊपर से आदेश आए हुए हैं। इस पर थानाधिकारी रौब झाड़ते हुए कहते हैं कि देख लो, मैं तो दिन में भी बजरी भिजवा सकता हूं।

इश्क में गंवाई मलाईदार पोस्ट: फरियादी से इश्क हो गया थानेदार को, गंवानी पड़ी कुर्सी, राजस्थान के जालोर जिले का है मामला

हालांकि थाना प्रभारी बड़ी मनुहार से ही दोस्ती के लिए प्रपोज कर रहे हैं। बार—बार यह ताकीद कर रहे हैं कि वे जबरदस्ती मित्रता नहीं कर रहे हैं और मन से दोस्ती करें तो ही उनसे दोस्ती करें। हमारी टीम लगातार इस मुद्दे पर मुखरता से काम कर रही है। इसमें पुलिस की मिलीभगत के कारण बजरी माफियाओं के साथ-साथ पुलिस अफसर भी चांदी कूट रहे हैं। इस खबर के बाद पुलिस की ओर से अभियान चलाने की बात कहते हुए सफाई दी जा रही है। अपनी सफाई देते रहे कि पुलिस बजरी माफियाओं के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई कर रही है। रोजाना ट्रेक्टर पकड़ रही है। ऐसे में जब एक थानाधिकारी एक महिला के घर पर बजरी का ट्रैक्टर भिजवा रहा है तो फिर क्या यह साबित नहीं होता कि पुलिस स्वयं बजरी माफियाओं को शह दे रही है। कुल मिलाकर थानाधिकारी की यह आडियो कॉल रिकोर्डिंग पुलिस के दावों की पोल तो खोल ही रही है। साथ ही पूरे पुलिस महकमे की किरकिरी तक करवा रही है। एसपी के प्रयासों पर ऐसे ही कृत्य पानी फेर रहे हैं।

खाकी की मिलीभगत से अपराधियों की चांदी: रात के अंधेरे में जालोर में करोड़ों का अवैध कारोबार

थानाधिकारी का महिला को आफर, दोस्ती करोगे क्या?
जालोर जिले के एक थानाधिकारी और महिला की बातचीत का एक आडियो है, इसमें थानाधिकारी उस महिला को दोस्ती करने का आफर दे रहे हैं। उस महिला से कई बार पूछते सुनाई दे रहे हैं कि दोस्ती करोगे कि नहीं? इतना ही नहीं थानाधिकारी अकेला होने पर महिला को पांच मिनट के लिए अपने घर पर भी आने का कह रहा है। थानाधिकारी महिला से यह भी कहलवा रहा है कि मैं कोई जबरदस्ती तो नहीं कर रहा हूं। धोखा तो नहीं देगी?