North Korea ने किया मिसाइल टेस्ट: नॉर्थ कोरिया ने फिर किया बैलिस्टिक मिसाइल का टेस्ट, अमेरिका, साउथ कोरिया के साथ जापान को भी खतरा

नॉर्थ कोरिया ने आज रविवार को एक बार फिर मिसाइल टेस्ट कर किया। ऐसा बताया जा रहा है कि आज किया गया टेस्ट पिछले चाल सालों में सबसे घातक मिसाइल टेस्ट है। यह बैलिस्टिक मिसाइल टेस्ट था।

नॉर्थ कोरिया ने फिर किया बैलिस्टिक मिसाइल का टेस्ट, अमेरिका, साउथ कोरिया के साथ जापान को भी खतरा

नई दिल्ली, एजेंसी।
नॉर्थ कोरिया ने आज रविवार को एक बार फिर मिसाइल टेस्ट कर किया। ऐसा बताया जा रहा है कि आज किया गया टेस्ट पिछले चाल सालों में सबसे घातक मिसाइल टेस्ट है।

यह बैलिस्टिक मिसाइल टेस्ट था। इसके टेस्ट के साथ ही जनवरी समाप्त होने से पहले किम जोंग ने अब तक 7 मिसाइल टेस्ट कर लिए। इनमें से ज्यादातर कम दूरी व छोटी मिसाइलें थीं, लेकिन आज रविवार को किए गए टेस्ट में यह मिसाइल सबसे खतरनाक बताई जा रही है। इस मिसाइल टेस्ट से साउथ कोरिया, अमेरिका के अलावा जापान को भी खतरा है। 
एक अंग्रेजी अखबार की रिपोर्ट के मुताबिक नॉर्थ कोरिया ने रविवार को सुबह जगांग एरिया में यह टेस्ट किया था। यहां से चीन व नॉर्थ कोरिया की सीमाएं लगती है। साउथ कोरिया की मिलिट्री ने भी इस टेस्ट की पुष्टि की है।


यूएन की गाइड लाइन के खिलाफ टेस्ट 
साउथ कोरिया के मुताबिक यह टेस्ट यूएन की गाइड लाइन के खिलाफ था। इस मिसाइल को नॉर्थ कोरिया की समुद्री सीमा में गिराई गई। 2017 के बाद पहली बार इतनी खतरनाक का टेस्ट किया गया।

नॉर्थ कोरिया की इस हरकत से खतरा मंडराने लगा है। वहीं दूसरी ओर ऐसा कहा जा रहा है कि किम जोंग लगातार मिसाइल टेस्ट ​इस लिए कर रहा है ​क्योंकि अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन की ओर से उसे तवज्जो नहीं दी जा रही।

बाइडेन पिछले साल जनवरी में सत्ता संभालने के बाद से आज तक नॉर्थ कोरिया के तानाशाह से बातचीत नहीं की। जबकि ट्रंप इसके विपरीत लगातार नॉर्थ कोरिया के संपर्क में थे।

अमेरिकी डिफेंस के एक एक्सपर्ट के मुताबिक इस मिसाइल की रफ्तार और दूरी बहुत ज्यादा है। लेकिन इसको ट्रैक किया जा सकता है।

रूस और अमेरिका के पास इन्फ्रारेड सैटेलाइट टेक्नोलॉजी है, इससे मिसाइल से निकलने वाली रोशनी और गर्मी से उसे डिटेक्ट किया जा सकता है। वहीं टारगेट तक पहुंचने पर इसकी रफ्तार कम हो जाती है।  इससे इस मिसाइल को डिटेक्ट के साथ नष्ट भी किया जा सकता है।

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