चारा घोटाले के आरोपी को जमानत: लालू यादव को सवा तीन साल बाद हाईकोर्ट से मिली जमानत

आखिरकार चारा घोटाले के आरोप में सजा काट रहे लालू यादव को जमानत मिल रही गई। चारा घोटाले में सजा काट रहे RJD सुप्रीमो लालू यादव को झारखंड हाईकोर्ट से जमानत दे दी। उन्हें एक लाख रुपए का मुचलका और 10 लाख रुपए जुर्माना देना होगा। बेल बॉन्ड भरने के बाद वे एक-दो दिन में छूट जाएंगे।

लालू यादव को सवा तीन साल बाद हाईकोर्ट से मिली जमानत

नई दिल्ली। 
आखिरकार चारा घोटाले के आरोप में सजा काट रहे लालू यादव को जमानत मिल रही गई। चारा घोटाले में सजा काट रहे RJD सुप्रीमो लालू यादव को झारखंड हाईकोर्ट से जमानत दे दी। उन्हें एक लाख रुपए का मुचलका और 10 लाख रुपए जुर्माना देना होगा। बेल बॉन्ड भरने के बाद वे एक-दो दिन में छूट जाएंगे। लालू को सवा तीन साल बाद जमानत मिली है। चारा घोटाले से जुड़े एक केस में लालू 23 दिसंबर 2017 को जेल गए थे। जानकारी के मुताबिक कोर्ट ने लालू के सामने दो शर्तें रखी है। इसमें जमानत के दौरान लालू यादव को देश से बाहर नहीं जाने दिया जाएगा। यादव हाईकोर्ट से परमिशन लिए बिना देश से बाहर नहीं जाने दिया जाएगा। वहीं वे अपना मोबाइल नंबर और पता भी बदल नहीं सकते। बदलते है तो इसकी जानकारी कोर्ट को देनी होगी। हाईकोर्ट के आदेश के बाद लालू यादव के बेटे तेजस्वी यादव ने कहा कि हमें न्याय मिलने का भरोसा था। लालू अपनी आधी सजा काट चुके हैं। हाईकोर्ट ने इसी आधार पर उन्हें जमानत दी है। हम कोर्ट का शुक्रिया अदा करते हैं। लालू यादव जी को जमानत मिलने की खुशी है, लेकिन उनकी सेहत को लेकर चिंता बनी हुई है। वे AIIMS में भर्ती हैं और कई गंभीर बीमारियों से जूझ रहे हैं। उनका इलाज जारी रहेगा। लालू यादव फिलहाल एम्स दिल्ली में इलाज करवा रहे हैं। करीब ढाई साल रिम्स रांची में इलाज कराने के बाद जनवरी में उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई थी। सीने में दर्द और सांस लेने में परेशानी के चलते उन्हें 23 जनवरी 2021 को रिम्स से एम्स रेफर किया गया था।

लालू यादव चार मामलों में काट रहे है सजा
जानकारी के मुताबिक चाईबासा ट्रेजरी केस में 37.7 करोड़ रुपए अवैध निकासी के आरोप में लालू प्रसाद समेत 44 अभियुक्त, इसमें लालू 5 साल की सजा मिली। इसके अलावा दूसरा मामला देवघर ट्रेजरी में 
84.53 लाख रुपए की अवैध निकासी का आरोप, लालू प्रसाद को साढ़े तीन साल की सजा, तीसरा मामला चाईबासा ट्रेजरी में ही 33.67 करोड़ रुपए की अवैध निकासी का आरोप, 5 साल की सजा और चौथा मामला दुमका ट्रेजरी में 3.13 करोड़ रुपए की अवैध निकासी और दो अलग-अलग धाराओं में 7-7 साल की सजा मिली है।