मोदी के सम्मान में रीझे पूनिया: मोदी के नेतृत्व में भारत अब विश्व के नक्शे में स्वाभिमान के साथ खड़ा उन्नत राष्ट्र है: डाॅ. सतीश पूनियां

माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 70वें जन्मदिवस के उपलक्ष्य में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डाॅ. सतीश पूनियां के आह्वान पर भाजपा एवं विभिन्न मोर्चों द्वारा प्रदेशभर में ‘‘सेवा सप्ताह’’ का आयोजन किया जा रहा है, जिसके तहत गरीब, दिव्यांगों एवं जरूरतमंदों को मदद पहुंचाने के सेवा कार्य किये जा रहे हैं। साथ ही वृक्षारोपण, फल वितरण और ब्लड डोनेशन के कार्यक्रम भी आयोजित किये जा रहे हैं। 

मोदी के नेतृत्व में भारत अब विश्व के नक्शे में स्वाभिमान के साथ खड़ा उन्नत राष्ट्र है: डाॅ. सतीश पूनियां

जयपुर, 17 सितम्बर। माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के 70वें जन्मदिवस के उपलक्ष्य में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डाॅ. सतीश पूनियां के आह्वान पर भाजपा एवं विभिन्न मोर्चों द्वारा प्रदेशभर में ‘‘सेवा सप्ताह’’ श्रंृखला का आयोजन किया जा रहा है, जिसके तहत गरीब, दिव्यांगों एवं जरूरतमंदों को मदद पहुंचाने के सेवा कार्य किये जा रहे हैं। साथ ही वृक्षारोपण, फल वितरण और ब्लड डोनेशन के कार्यक्रम भी आयोजित किये जा रहे हैं। 
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डाॅ. सतीश पूनियां ने ट्वीट कर माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के 70वें जन्मदिवस पर बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। विश्व नेता, महानायक, भारत के यशस्वी प्रधानमंत्री और सुशासन और विकास के प्रेरक माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं और बधाई सा...। आप हमारे देश का गौरव हंै, ईश्वर आपको उत्तम स्वास्थ्य एवं दीर्घायु प्रदान करे एवं कामना करते हैं कि आपके कुशल नेतृत्व में भारत पुनः विश्व गुरु बने। 
उन्होंने कहा कि, 2014 से अभी तक भारत अब केवल देश नहीं विश्व के नक्शे में स्वाभिमान के साथ खड़ा एक उन्नत राष्ट्र है। मोदी जी के बिना भारत की और भारत के बिना मोदी जी की कल्पना नहीं की जा सकती है, करोड़ों दुआएं हैं कि भारत और नरेन्द्र मोदी जी दीर्घायु ही नहीं अमरत्व प्राप्त करें।
डाॅ. पूनियां ने कहा कि, 500 वर्षों की आस्था के संघर्ष की परिणति अयोध्या प्रभु श्रीराम मंदिर के भव्य मंदिर की रजत शिला अपने हाथों से स्थापित करके राष्ट्रवाद के एजेंडे को सम्मान देना, देश में भ्रष्टाचार, अराजकता, वंशवाद, जातिवाद को धता बताकर सुशासन और विकास का एजेंडा लागू करना मोदी जी की दृढ़ प्रतिबद्धता ही तो है।