जनसुनवाई में हंगामा: मंत्री शांति धारीवाल से उलझे कांग्रेस पार्षद , नगर पालिका ईओ को हटाने की करने लगे मांग
भीलवाड़ा में बुधवार को जनसुनवाई के दौरान नाराज कांग्रेस पार्षदों ने जमकर हंगामा कर दिया। शाहपुरा नगर पालिका से कांग्रेस पार्षदों ने आज पीसीसी में हंगामा करते हुए यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल को घेर लिया।
भीलवाड़ा | भीलवाड़ा में बुधवार को जनसुनवाई के दौरान नाराज कांग्रेस पार्षदों ने जमकर हंगामा कर दिया। शाहपुरा नगर पालिका से कांग्रेस पार्षदों ने आज पीसीसी में हंगामा करते हुए यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल को घेर लिया। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, मंत्री शांति धारीवाल और शकुंतला रावत की जन सुनवाई के दौरान कांग्रेस पार्षदों की धारीवाल से जोरदार बहस हो गई। जिसके बाद शकुंतला रावत ने कांग्रेस पार्षदों को शांत किया और आश्वासन दिया। तब जाकर मामला शांत होता दिखा।
पार्षदों का आरोप भाजपा की सिफारिश पर होता है काम
जानकारी के अनुसार, जनसुनवाई में पहुंचे भीलवाड़ा की शाहपुरा नगर पालिका से कांग्रेस के पार्षदों ने मंत्री शांति धारीवाल से शाहपुरा नगर पालिका अध्यक्ष रघुनंदन सोनी शिकायत की साथ ही नगर पालिका ईओ को हटाने की मांग करने लगे। इस दौरान गुस्साए पार्षदों ने मंत्री पर भाजपा विधायक कैलाश मेघवाल की सिफारिश पर अफसर लगाने के आरोप लगाते हुए कहा कि, शाहपुरा नगर पालिका के चेयरमैन भाजपा के हैं, इसके साथ ही कैलाश मेघवाल की सिफारिश पर ही नगरपालिका में ईओ लगाए जाते हैं जो कांग्रेस पार्षदों के विकास कार्यों में बांधा उत्पन्न करने का कार्य करते हैं।
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जयपुर में प्रदर्शन करने की चेतावनी!
पार्षदों का आरोप है कि, मंत्री धारीवाल को कई बार इस बाबत लिखित में शिकायत भी दी गई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। अब हम जयपुर में आकर प्रदर्शन करेंगे। इस दौरान मामले को ज्यादा गंभीर होता देख मंत्री शकुंतला रावत ने मोर्चा संभालते हुए बीच-बचाव किया और सभी असंतुष्ट पार्षदों को समझा-बुझाकर शांत किया।
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क्या बोले मंत्री धारीवाल?
जन सुनवाई में हुए इस हंगामे में कांग्रेस पार्षदों की ईओ को हटाने की मांग पर यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल ने कहा साफतौर पर कहा कि किसी भी अधिकारी को हाथों हाथ नहीं हटाया जा सकता। सभी पहलुओं को ध्यान में रखना होता है तभी कोई फैसला लिया जा सकता है।
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