यूक्रेन के नेताओं ने कहा है कि रूस के सैनिक सबकुछ तबाह करके देश से वापस जा रहे हैं। जिसके चलते आने वाले दिनों में और अधिक भयावह मंजर देखने को मिल सकते हैं।
रूसी सैनिकों के हमलों के बाद यूक्रेन के कई शहरों में इमारतें, सड़कें और यातायात के साधन तबाह हो गए हैं जबकि आम नागरिकों की मौत के मामलों में भी लगातार इजाफा हो रहा है।
रूसी सैनिकों के जाने के बाद एक खस्ताहाल स्कूल बाहर खड़ी वैनों से जरूरी सामान लेने के लिये दर्जनों लोग कतारों में लगे दिखे।
यूक्रेन के विदेश मंत्री दिमित्रो कुलेबो ने आगाह किया कि रूसी सैनिकों के वापस जाने के बावजूद देश की मुश्किलें कम होने वाली नहीं हैं। उन्होंने नाटो और अन्य देशों से हथियार मुहैया कराने की अपील की है।
नाटो ने इस आधार पर यूक्रेन को हथियारों की आपूर्ति बढ़ाने पर सहमति व्यक्त की है कि रूसी सेना ने राजधानी के आसपास के क्षेत्रों में बर्बरता दिखाई है।
मेयर अनातोली फेडोरुक ने कहा कि जांचकर्ताओं ने कम से कम ऐसी तीन जगहों का पता लगाया है। जहां रूस के आक्रमण के दौरान आम नागरिकों को सामूहिक रूप से गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया गया।
फेडोरुक ने कहा कि अब तक 320 शव गिने जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि शहर में और शव मिल रहे हैं। जिससे मृतकों की संख्या बढ़ सकती है। फेडोरुक ने कहा कि पहले शहर की आबादी 50 हजार थी जो अब केवल 3,700 बची है।