HEALTH
By First Bharat
June 17, 2022
मोमोज खाने के शौकीनों की कोई कमी नहीं है। आजकल हर कोई मोमोज देखते ही खुद को रोक नहीं पाता है। पर ज्यादा मोमोज खाना शरीर के लिए हो सकता है हानिकारक।
मोमोज के अंदर स्टफ की जाने वाली सब्जियां कई बार खराब गुणवत्ता वाली और अस्वच्छ होती हैं। इनमें ई-कोलाई जैसे बैक्टीरिया भी हो सकते हैं, जो गंभीर संक्रमण का कारण बनते हैं।
मोमोज के साथ दी जाने वाली चटनी अधिक खाने से बवासीर या खूनी बवासीर, पेट में जलन, गैस, पाचन संबंधित समस्या आदि होने की संभावना भी बढ़ सकती है।
मोमोज में मोनो-सोडियम ग्लूटामेट भी होता है, जो मोटापे का कारण बन सकता है। इसे खाने से तंत्रिका संबंधी डिसऑर्डर, अधिक पसीना आना, सीने में दर्द, धड़कन बढ़ने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
ज्यादा मोमोज खाने से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर हो सकती है। जिससे आपको कोई ना कोई शारीरिक समस्या बनी ही रहेगी।
मैदे में ग्लाइसेमिक इंडेक्स की मात्रा अधिक होने के कारण शुगर लेवल बढ़ सकता है। जिन्हें डायबिटीज नहीं है, उनमें भी शुगर लेवल अधिक होने से डायबिटीज होने की संभावना बढ़ सकती है।
मोमोज का सेवन सेहत पर अनेक प्रकार के दुष्प्रभाव डाल सकता है। इससे कब्ज़, एसिडिटी, बेल्चिंग आदि की समस्याएं हो जाती हैं। इसमें मौजूद मैदा पेट के लिए अत्यंत नुक्सानदायक होती है।
जैसा की मोमोज बनाने के लिए मुख्य सामग्री है मैदा और इसमें स्टार्च अधिक होता है। स्टार्च के सेवन से वजन बढ़ सकता है। इसके अलावा, मैदा बैड कोलेस्ट्रॉल लेवल को भी बढ़ाता है।
मोमोज मैदे से बना है इसलिए जल्दी पचता नहीं है, ऐसे में पेट संबंधित समस्याएं होने की संभावना बढ़ जाती है। कोई भी चीज जल्दी नहीं पचेगी तो पेट भारी, फूला हुआ सा लगेगा।